तमिलनाडु के तिरुतलयुर, तिरुचिरापल्ली का शिव मंदिर संरक्षित हुआ

तिरुतलयुर में संत रुद्र पशुपति नयनार से संबंधित भगवान शिव के एक 1200 साल पुराने मंदिर का जीर्णोद्धार किया गया। 1800 वर्गफुट की संरचना को इसके मूल ढांचे को संरक्षित रखते हुए बहाल किया गया। इसके जीर्णोद्धार में 3.8 करोड़ रुपये खर्चा हुए।
तमिल साहित्यिक कृतियों में से एक, पेरियापुराणं के अनुसार कहा रुद्र पसुपति नयनार के बारे में कहा जाता है कि वह मंदिर के तालाब में गले तक पानी में खड़े होकर रोज़ कृष्ण राजुद्र रुद्र सूक्त का जाप करते थे।
समृद्ध मंदिर की महिमा को बहाल करने के लिए भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, चेन्नई के 72 वर्षीय डी. चंद्रशेखर के नेतृत्व में 400 से अधिक भक्तों ने पिछले चार वर्षों में नवीकरण करने के उद्देश्य से तिरुथलईयूर हेरिटेज ट्रस्ट की स्थापना की। फिर भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण और राज्य के संबंधित विभाग की सहमति के बाद जीर्णोद्धार शुरू कराया।